
ऑनलाइन ठगी, डिजिटल अरेस्ट और एआई आधारित धोखाधड़ी से बचाव की दी गई जानकारी
गोरखपुर। मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमएमएमयूटी) के कंप्यूटर विज्ञान एवं अभियांत्रिकी विभाग स्थित साइबर फॉरेंसिक रिसर्च सेंटर और उत्तर प्रदेश पुलिस, गोरखपुर जोन के संयुक्त तत्वावधान में बुधवार को तीन दिवसीय साइबर सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। 21 से 23 अक्टूबर तक चलने वाले इस कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को साइबर अपराधों और ऑनलाइन धोखाधड़ी के प्रति जागरूक करना है।
साइबर अपराधों से बचाव पर जोर
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि कुलपति प्रो. अनुपमा कौशिक शर्मा, विभागाध्यक्ष प्रो. राकेश कुमार, सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी कैंट एवं अपराध तथा साइबर कमांडो उपनिरीक्षक उपेंद्र कुमार सिंह उपस्थित रहे। इस दौरान सोशल मीडिया खातों की सुरक्षा, डिजिटल अरेस्ट, एआई आधारित ठगी, ऑनलाइन धोखाधड़ी, साइबर स्टॉकिंग, फिशिंग, म्यूल अकाउंट और अज्ञात स्रोत से एपीके फाइल डाउनलोड करने जैसे साइबर खतरों पर चर्चा की गई।
65 प्रतिभागी ले रहे हिस्सा
कार्यक्रम में कुल 65 प्रतिभागी शामिल हो रहे हैं। उन्हें डिजिटल उपकरणों और ऑनलाइन खातों की गोपनीयता एवं सुरक्षा सेटिंग्स को मजबूत करने के तरीके बताए जा रहे हैं, ताकि साइबर ठगी से बचाव किया जा सके। आयोजकों ने सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने और ऑनलाइन गतिविधियों के दौरान सतर्क रहने पर विशेष जोर दिया।